मनीष सूर्यवंशी (वीर सूर्या टाइम्स )
उत्तर पूर्वी दिल्ली के पूर्वी करावल नगर वार्ड में अवैध उगाही का मुद्दा फिर सुर्खियों में है । स्थानीय निवासियों ने निगम कर्मचारी चेतराम पर आरोप लगाया है कि वह क्षेत्र में चल रहीं अवैध डेरियों से नियमित रूप से वसूली करता है। निवासियों का कहना है कि इस अवैध उगाही के कारण न तो डेरियों पर कार्रवाई हो पाती है और न ही क्षेत्रीय अव्यवस्था पर अंकुश लगता है।
वार्ड की निगम पार्षद शिमला देवी ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए जॉन प्रशासन से तत्काल जांच और दोषी कर्मचारी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। पार्षद ने कहा कि क्षेत्र में भ्रष्टाचार को बढ़ावा देने वाली किसी भी गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
जॉन की बैठकों में पार्षद शिमला देवी लगातार सफाई व्यवस्था, कूड़ा उठान, अवैध निर्माण, टूटी सड़कों और कर्मचारियों की लापरवाही जैसे मुद्दे उठाती रही हैं। उन्होंने कई बार जॉन चेयरमैन पुनीत शर्मा को लिखित रूप से शिकायत भेजकर कर्मचारियों की गैर-जिम्मेदाराना कार्यशैली पर सवाल खड़े किए हैं।
वही पार्षद शिमला देवी नें कहां “पूर्वी करावल नगर में अवैध वसूली और भ्रष्टाचार की कोई जगह नहीं है। यदि कोई कर्मचारी इसमें शामिल पाया जाता है तो उसके खिलाफ विभागीय जांच से लेकर निलंबन तक की कार्रवाई होनी चाहिए।”
दूसरी ओर, स्थानीय लोगों ने पार्षद के कदम का स्वागत किया है। उनका कहना है कि यदि प्रशासन ने सख्त रवैया अपनाया, तो डेरियों से होने वाली उगाही पर रोक लगेगी और क्षेत्र की अव्यवस्थाएँ सुधरेंगी।

